Home / Uncategorized / दक्षिण भारत से लौटे पत्रकार, साथ लाए विकास और संस्कृति के नए अनुभव

दक्षिण भारत से लौटे पत्रकार, साथ लाए विकास और संस्कृति के नए अनुभव

पीआईबी के छह दिवसीय अध्ययन दौरे के बाद वाराणसी पहुंचा पत्रकारों का दल, ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की भावना को किया करीब से महसूस

पूर्वांचल राज्य ब्यूरो वाराणसी।

भारत सरकार के पत्र सूचना कार्यालय (पीआईबी), वाराणसी के तत्वावधान में तमिलनाडु एवं पुडुचेरी के छह दिवसीय अध्ययन दौरे पर गया 13 सदस्यीय पत्रकारों का दल शुक्रवार शाम सकुशल वाराणसी लौट आया। लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचने के साथ ही पत्रकारों ने इस यात्रा को ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायी और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने वाला अनुभव बताया।

13 सितंबर को वाराणसी से रवाना हुए इस दल ने तमिलनाडु और पुडुचेरी में केंद्र सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन, विकास परियोजनाओं, शैक्षणिक संस्थानों, सांस्कृतिक विरासत स्थलों तथा स्थानीय जनजीवन का अध्ययन किया। यात्रा के दौरान पत्रकारों ने अनेक योजनाओं के लाभार्थियों से संवाद कर जमीनी स्तर पर हो रहे बदलावों को नजदीक से देखा।

दौरे के दौरान पत्रकार दल ने आईआईटी मद्रास, दक्षिणचित्रा हेरिटेज म्यूजियम, चेन्नई पोर्ट सहित कई महत्वपूर्ण संस्थानों एवं स्थलों का भ्रमण किया। वहीं पुडुचेरी में उपराज्यपाल के. कैलाशनाथन से मुलाकात कर वहां के विकास मॉडल और भविष्य की योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। गणेश चतुर्थी के अवसर पर दक्षिण भारत की सांस्कृतिक परंपराओं और लोक आस्थाओं को भी करीब से समझने का अवसर मिला।

पत्रकारों ने कहा कि यह यात्रा केवल सरकारी योजनाओं के अध्ययन तक सीमित नहीं रही, बल्कि ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की भावना को व्यवहारिक रूप में देखने और देश की सांस्कृतिक विविधता को समझने का भी अवसर बनी। काशी और तमिलनाडु के ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक संबंधों को जानने से राष्ट्रीय एकता की भावना और अधिक मजबूत हुई।

पत्र सूचना कार्यालय के अधिकारियों के मार्गदर्शन में संपन्न यह अध्ययन दौरा पत्रकारों के लिए नई जानकारियां, व्यापक दृष्टिकोण और कई यादगार अनुभव छोड़ गया। पत्रकारों ने इस पहल को जनसरोकारों से जुड़े विषयों की बेहतर समझ विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *