झांसी जिले से एक गंभीर लेकिन राहत भरी घटना सामने आई है, जहां खेलते समय 7 वर्षीय बच्चे की आंख में खजूर का नुकीला कांटा आर-पार हो गया। समय रहते डॉक्टरों की तत्परता से बच्चे की आंख की रोशनी बचा ली गई।
खेलते समय हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार टोड़ीफतेहपुर क्षेत्र के सिजवां गांव निवासी पंकज कुशवाहा का बेटा देव कुशवाहा घर के बाड़े में खेल रहा था। वह लकड़ी से खिलौना ट्रैक्टर बनाने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान लकड़ी तोड़ते समय खजूर का तेज कांटा उसकी आंख में घुस गया और पुतली को चीरते हुए आर-पार हो गया।
चीख सुनकर दौड़े परिजन
बच्चे की तेज चीख सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और उसे तुरंत स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले गए। प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर देखते हुए उसे महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।
बंद ऑपरेशन थिएटर दोबारा खुलवाया
मेडिकल कॉलेज पहुंचने पर डॉक्टरों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बंद हो चुका ऑपरेशन थिएटर तत्काल दोबारा खुलवाया। विशेषज्ञ टीम ने करीब एक घंटे तक जटिल सर्जरी की और सावधानीपूर्वक कांटा निकाल दिया।
सफल रही सर्जरी
डॉक्टरों की मेहनत से बच्चे की आंख सुरक्षित बच गई। फिलहाल बच्चे को निगरानी में रखा गया है और उसकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है।
डॉक्टरों की तत्परता से बची रोशनी
इस घटना में समय पर इलाज और चिकित्सकों की तत्परता ने बड़ी अनहोनी को टाल दिया। परिजनों ने मेडिकल टीम का आभार जताया है।
निष्कर्ष
यह घटना बच्चों के खेल के दौरान सावधानी बरतने की जरूरत को भी दर्शाती है, वहीं डॉक्टरों की त्वरित कार्रवाई ने एक मासूम की आंख की रोशनी बचाकर बड़ी राहत दी है।










