चंदौली जिले के धानापुर क्षेत्र स्थित नगवा चौचकपुर गंगा घाट पर सुरक्षा मानकों का उल्लंघन कर नावों का संचालन किया जा रहा है। यात्रियों को बिना लाइफ जैकेट के ही यात्रा करनी पड़ रही है, जिससे किसी भी दुर्घटना की स्थिति में उनकी जान को खतरा हो सकता है।
घाट पर क्षमता के अनुसार ही यात्रियों को ले जाया जा रहा है, लेकिन सुरक्षा के लिए अनिवार्य लाइफ जैकेट नदारद हैं। यह स्थिति तब है जब गंगा में नाव दुर्घटनाओं के कारण कई जानें जा चुकी हैं।
नगवा चौचकपुर गंगा घाट पर प्लाटून पुल बंद होने के बाद लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा निःशुल्क नावों की व्यवस्था की गई है। हालांकि, इन नावों में भी यात्रियों को लाइफ जैकेट नहीं पहनाए जा रहे हैं, जिससे सुरक्षा मानकों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। स्थानीय पुलिस भी इस मनमानी पर मूकदर्शक बनी हुई है।
एक ओर प्रदेश सरकार लोगों के आवागमन के लिए नाव संचालन में सुरक्षा मानकों को लेकर बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं जमीनी हकीकत कुछ और है। इस घाट पर दो दर्जन से अधिक नाविकों की आजीविका नौका संचालन पर निर्भर करती है।
लोक निर्माण विभाग के जेई रामकुमार चौहान ने बताया कि बिना सुरक्षा मानकों के नाव संचालन पूरी तरह प्रतिबंधित है। उन्होंने कहा कि सभी यात्रियों के लिए लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य है और लोगों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।










