पूर्वांचल राज्य ब्यूरो
महराजगंज, । भारत-नेपाल सीमा पर तस्करी के एक बड़े षड्यंत्र को विफल करते हुए 66वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) व स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने बहुमूल्य मिश्रधातु की मूर्ति व नकदी के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया। एक आरोपी को चकमा देकर फरार होने में सफलता मिली। यह कार्रवाई नौतनवा थाना क्षेत्र के चंडीथान के निकट रेलवे अंडरपास पर की गई।सीमा चौकी चंडीथान को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि कुछ तस्कर सफेद रंग की कार में बहुमूल्य मूर्ति व नकदी लेकर नेपाल प्रस्थान करने वाले हैं। सूचना पर समवाय प्रभारी ने तत्काल पुलिस चौकी संपत्तिहा को सूचित किया। एसएसबी निरीक्षक जितेंद्र कुमार ठाकुर, उपनिरीक्षक जतिन व चार जवानों तथा पुलिस उपनिरीक्षक मनीष व दो सहयोगियों की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने बरवाकला-चंडीथान मार्ग पर संदिग्ध वाहनों की सघन चेकिंग प्रारंभ की।इसी क्रम में एक सफेद कार को रुकवाकर तलाशी ली गई। यात्रियों की गतिविधियाँ संदिग्ध पाए जाने पर गहन छानबीन में कार से लगभग 7.6 किलोग्राम वजन की बहुमूल्य मिश्रधातु की प्राचीन मूर्ति व 50 हजार रुपये नकदी बरामद हुई। पूछताछ में पकड़े गए युवकों ने अपना नाम विद्यासागर (सोबदा ठूठीबारी निवासी) व राम सिंह पासी (तरगौली सुनवल, नवलपरासी) बताया। बरामदगी होते ही तीसरा युवक मौके से फरार हो गया।पकड़े गए आरोपियों से कड़ी पूछताछ जारी है। फरार तस्कर की तलाश में संयुक्त छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। एसएसबी अधिकारियों का मानना है कि यह मूर्ति नेपाल में तस्करी कर भेजने का प्रयास था। बरामद मूर्ति, नकदी व वाहन को कस्टम कार्यालय को सौंप दिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि इस घटना से सीमा पर सक्रिय तस्करी नेटवर्क का पता लगाने में मदद मिलेगी।सीमा सुरक्षा एजेंसियों ने इस सफलता पर संतोष जाहिर किया है। नौतनवा जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त व चेकिंग अभियान और सघन किया जाएगा, ताकि तस्करी की घटनाओं पर पूर्ण अंकुश लगाया जा सके। स्थानीय लोगों ने सुरक्षा बलों की तत्परता की सराहना की है।
भारत-नेपाल सीमा पर मूर्ति तस्करी का पर्दाफाश, 7.6 किलो मिश्रधातु व 50 हजार नकदी के साथ दो तस्कर धराए










