पूर्वांचल राज्य ब्यूरो
बलिया। जीरा बस्ती स्थित वन विहार पार्क में मंगलवार को ‘गंगा स्वच्छता पखवाड़ा’ के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान मौलश्री का पौधरोपण कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई। उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं ने स्वच्छता की शपथ ली। शपथ ग्रहण के बाद स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इसके उपरांत वन विहार पार्क में श्रमदान कर साफ-सफाई अभियान चलाया गया। स्कूली बच्चों के बीच निबंध लेखन, चित्रकला और नुक्कड़ नाटक प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं, जिसमें प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को प्रशस्ति पत्र और शील्ड देकर सम्मानित किया गया। इसी क्रम में नदी तटीय परिधि पर आधारित समन्वित विकास हेतु एक दिवसीय अंतरविभागीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसके मुख्य वक्ता प्रोफेसर एस.बी. राय थे। उन्होंने वेटलैंड सुधार, नदी तटीय वातावरण और परिदृश्य में मूलभूत परिवर्तन लाने के लिए विविध उपायों पर विस्तृत विचार रखे। उन्होंने समझाया कि रासायनिक उर्वरक भूमि द्वारा अवशोषित होकर नदी के जल में मिल जाते हैं, जिससे जलीय जीवों के जीवन पर खतरा उत्पन्न होता है। यदि वेटलैंड का वातावरण, मिट्टी और जल शुद्ध होगा, तो जलीय जीवों को शुद्ध ऑक्सीजन मिलेगी, जिससे उनके विकास में वृद्धि होगी। कार्यक्रम में प्रभागीय निदेशक, सामाजिक वानिकी प्रभाग पृथ्वीराज के.एस.बी. ने भी अपने विचार रखे। जिला उद्यान अधिकारी अल्का श्रीवास्तव, जिला कृषि अधिकारी पवन कुमार प्रजापति, अधिशासी अभियंता सिंचाई राकेश कुमार, जिला पशु चिकित्साधिकारी अशोक कुमार मिश्रा और जिला मत्स्य अधिकारी ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन नमामि गंगे के डी.पी.ओ. सलभ उपाध्याय ने किया।
गंगा स्वच्छता पखवाड़ा आयोजित छात्र-छात्राओं ने ली स्वच्छता की शपथ, हुआ पौधरोपण










