Home / Uncategorized / गंगा घाट पर महामंडलेश्वर पूज्य रूपोमयी नंदगिरि माता जी के सानिध्य में महाप्रसाद भंडारा का आयोजन

गंगा घाट पर महामंडलेश्वर पूज्य रूपोमयी नंदगिरि माता जी के सानिध्य में महाप्रसाद भंडारा का आयोजन

पुर्वांचल राज्य ब्यूरो वाराणसी

 

नवरात्र पर गंगा घाट पर मातृशक्ति को समर्पित भव्य भंडारा, श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया पूरी-सब्जी का महाप्रसाद
वाराणसी। मातृशक्ति को समर्पित पावन पर्व नवरात्र के अवसर पर गंगा तट स्थित घाट पर भक्ति, सेवा और समर्पण का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। काशी पीठाधीश्वर, वीरेश्वर मठ, श्री पंच दशनाम जूना अखाड़ा की महामंडलेश्वर पूज्य रूपोंमयी नंदगिरि माता जी के सानिध्य में भव्य सार्वजनिक भंडारा एवं महाप्रसाद वितरण का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा और लगभग 2000 की संख्या में भक्तों ने महाप्रसाद ग्रहण कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
सुबह से ही घाट क्षेत्र में धार्मिक वातावरण व्याप्त रहा। मां दुर्गा के जयकारों के बीच श्रद्धालु भक्ति में लीन दिखाई दिए। विधिवत पूजा-अर्चना और मातृशक्ति का आह्वान करने के बाद भंडारे का शुभारंभ किया गया। भंडारे में पारंपरिक रूप से तैयार किए गए प्रसाद वितरित किया गया, जिसे भक्तों ने अत्यंत श्रद्धा के साथ ग्रहण किया। रसोई में बड़ी मात्रा में शुद्ध घी एवं स्वच्छता का विशेष ध्यान रखते हुए पूरी बनाई गई।
। कई स्थानों पर स्वयंसेवक पंक्तिबद्ध तरीके से बैठे श्रद्धालुओं को पूरी-सब्जी परोसते नजर आए। श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से प्रसाद ग्रहण किया और आयोजकों को आशीर्वाद दिया।
इस अवसर पर महामंडलेश्वर रूपोंमयी नंदगिरि माता जी ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि नवरात्र का पर्व मातृशक्ति की आराधना का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि काशी की पावन भूमि पर पूजा-पाठ, भंडारा और दान-पुण्य का विशेष महत्व है। उन्होंने कहा कि भंडारे के माध्यम से सेवा का भाव जागृत होता है और समाज में एकता व सद्भाव बढ़ता है। माता जी ने सभी श्रद्धालुओं से धर्म और परंपरा के संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान साधु-संतों, स्थानीय श्रद्धालुओं एवं दूर-दराज से आए भक्तों की उपस्थिति ने आयोजन को और भी भव्य बना दिया। व्यवस्था में लगे सेवादार लगातार श्रद्धालुओं को बैठाकर प्रसाद वितरित करते रहे। पूरे आयोजन में अनुशासन और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा गया।
अंत में सभी श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा से विश्व शांति, सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना की। भक्ति, सेवा और प्रसाद वितरण का यह आयोजन नवरात्र पर्व की गरिमा को और अधिक बढ़ाने वाला सिद्ध हुआ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *