पूर्वाचल राज्य संवाददाता – दीपू तिवारी
सोनभद्र जिला संयुक्त चिकित्सालय में मानवता और संवेदनशीलता की एक प्रेरक तस्वीर सामने आई, जहाँ दीपू तिवारी ने स्वेच्छा से रक्तदान कर एक जरूरतमंद मरीज को नया जीवन देने का सराहनीय कार्य किया।
यह रक्तदान पिपरी क्षेत्र के वार्ड नंबर 7 में भर्ती 50 वर्षीय सुरेश कुमार के लिए किया गया, जो लंबे समय से लिवर संबंधी गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं। उनके परिवार में दो बेटियाँ और एक बेटा है, जिनकी उम्मीदें उनके स्वस्थ जीवन से जुड़ी हैं।
जानकारी के अनुसार, सुरेश कुमार को हर महीने एक यूनिट रक्त की आवश्यकता पड़ती है। ऐसे में समय पर रक्त उपलब्ध होना उनके लिए जीवन और मृत्यु के बीच की दूरी तय करता है। इस संवेदनशील परिस्थिति को समझते हुए दीपू तिवारी ने बिना किसी हिचकिचाहट के आगे बढ़कर रक्तदान किया और एक परिवार को उम्मीद की नई किरण दी।
अस्पताल प्रशासन और स्थानीय लोगों ने इस सराहनीय पहल की भूरि-भूरि प्रशंसा की। रक्त कोष (ब्लड बैंक) के अधिकारियों ने बताया कि नियमित रक्तदान न केवल जरूरतमंदों की जान बचाता है, बल्कि समाज में सहयोग और मानवीयता की भावना को भी मजबूत करता है।
इस अवसर पर अस्पताल प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की कि वे भी रक्तदान के इस पुनीत कार्य में भाग लें और जरूरतमंदों के जीवन में खुशियाँ लौटाने का माध्यम बनें। दीपू तिवारी के इस सेवा भाव ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि —
“रक्तदान ही सच्चा महादान है, जो किसी को नया जीवन देने की शक्ति रखता है।”










