विकास खंड बनकटी के ग्राम पंचायतों में लग रहा जी राम जी योजना के तहत फर्जी हाज़िरी
पूर्वांचल राज्य ब्यूरो बस्ती
बस्ती जनपद के विकासखंड बनकटी के ग्राम पंचायत अहिरौली में 110 मजदूरो की फ़र्ज़ी हाज़िरी
बेलसुई में 153 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
देवमी में 78 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
डढवा लगुनी में 55 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
घुघसा में 32 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
कडसरी में 182 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
गुलरिहा सिरमा में 53 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
खामोखर में 65 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
खैराटी में 136 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
खडौहा में 100 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
खोरिया में 245 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
कुरियार में 47 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
महथा में 60 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
मकदुमपुर में 80 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
पडरी में 96 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
पिकौरा शुक्ल में 97 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
रौतापार में 49 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
संडा में 55 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
सिकरा बरगाह में 101 मजदूरों की फर्जी हाजिरी
सिरौता ग्राम पंचायत में 115 मजदूरों की फर्जी हाजिरी लग रही है
जी राम जी कार्यों को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप विकास खंड बनकटी में सामने आ रहे हैं
मीडिया टीम के पड़ताल में ग्राम पंचायतो के ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम प्रधान और रोजगार सेवक द्वारा मौके पर मजदूरों की मौजूदगी के बिना ही जी राम जी कार्यों में ऑनलाइन फर्जी हाजिरी दर्ज की जा रही है।
ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायतों में जी राम जी योजना के तहत कार्य संचालित होने का दावा किया जा रहा है, लेकिन मौके पर ऐसा कुछ नहीं है वास्तविक स्थिति कुछ और ही है।
ग्रामीणों का आरोप है कि कागजों और ऑनलाइन रिकॉर्ड में मजदूरों की उपस्थिति दर्ज कर सरकारी धन लूट रहें हैं प्रधान
ग्रामीणों ने बताया कि संबंधित अधिकारियों को चाहिए कि निष्पक्ष जांच कराये और मौके पर भौतिक सत्यापन कराये जो प्रधान ग़लत करता हुआ पाया जाये उस प्रधान के ऊपर कार्यवाही किया जाये ।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि बिना मजदूर लगाए फर्जी हाजिरी दर्ज कर भुगतान कराया गया है, तो इसकी जिम्मेदारी तय करते हुए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
ग्रामीणों का कहना है कि रसूखदारों के आगे नतमस्तक दिख रहा जिम्मेदार तंत्र।
ग्रामीणों का कहना है कि जिम्मेदार अधिकारियों की नाक के नीचे खुलेआम भ्रष्टाचार कर रहे ग्राम प्रधान
उत्तर प्रदेश सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति पर उठ रहे गंभीर सवाल।
विकास खंड बनकटी में धरातल पर कार्य नगण्य होने के बावजूद मास्टर रोल में रोजाना हाजिरी दर्ज किए जाने का आरोप।
कार्रवाई के बजाय जिम्मेदार अधिकारियों की चुप्पी पर ग्रामीणों में नाराजगी।
आखिर किसके संरक्षण में पनप रहा यह कथित भ्रष्टाचार?
क्या जिम्मेदार अधिकारी निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई करेंगे, या फिर मामला ऐसे ही दबा दिया जाएगा ?










