पूर्वांचल राज्य वाराणसी। चैत्र नवरात्र-2026 का समापन शहरभर में भक्तिभाव और उत्साह के साथ हुआ, जहां नौ दिनों तक माँ भगवती के विविध स्वरूपों की आराधना के पश्चात नवमी कन्या पूजन का आयोजन धूमधाम से किया गया। इस अवसर पर शहर के विभिन्न मंदिरों और घरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी गई।
नवमी पूजन का सबसे प्रमुख आकर्षण रविन्द्रपुरी स्थित विश्वविख्यात अघोरपीठ ‘बाबा कीनाराम स्थल, क्रीं-कुण्ड’ में देखने को मिला। यहां सुबह से ही आश्रम परिसर में विशेष साफ-सफाई और नियमित आरती-पूजन के बाद पीठाधीश्वर परम पूज्य अघोराचार्य महाराजश्री बाबा सिद्धार्थ गौतम राम जी के निर्देशन में विधिवत नवमी कन्या पूजन की शुरुआत हुई।
पूजन के क्रम में नौ बाल कन्याओं को देवी स्वरूप में सुसज्जित कर आसीन किया गया, वहीं एक बालक को भैरव बाबा के रूप में प्रतिष्ठित किया गया। नवरात्र पूजन के आचार्य श्री प्रकाश जी एवं आश्रम की वरिष्ठ सदस्या संगीता सिंह के नेतृत्व में श्रद्धालुओं ने कन्याओं और भैरव स्वरूप बालक के चरण पखारकर विधिपूर्वक पूजा-अर्चना की और आरती उतारी।
इसके उपरांत देवी स्वरूप कन्याओं एवं भैरव जी को विविध व्यंजनों का भोग अर्पित कर श्रद्धालुओं ने उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे आयोजन के दौरान ‘जय माँ सर्वेश्वरी’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
समापन के अवसर पर आयोजित भंडारे में हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। उल्लेखनीय है कि अघोरपीठ ‘बाबा कीनाराम स्थल, क्रीं-कुण्ड’ में नवरात्र और नवमी कन्या पूजन के दर्शन हेतु देश-विदेश से साधक, महात्मा और आम श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंचते हैं, जिससे यह स्थल आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है।
चैत्र नवरात्र का समापन: बाबा कीनाराम स्थल पर नवमी कन्या व भैरव पूजन में उमड़ा जनसैलाब










