पूर्वांचल राज्य ब्यूरो
महराजगंज/घुघली
पल्टू मिश्रा
ग्रामीण इलाकों में धड़ल्ले से चल रही भूसा मशीनें अब जानलेवा साबित होती जा रही हैं, लेकिन प्रशासन अब भी बेखबर बना हुआ है। बिना सुरक्षा उपकरणों और मानकों के संचालित हो रही इन मशीनों से लगातार हादसों का खतरा मंडरा रहा है।
गांवों में किसान तेजी से काम निपटाने के लिए भूसा मशीनों का इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन मशीनों में सुरक्षा कवर, आपातकालीन ब्रेक और प्रशिक्षित ऑपरेटर की भारी कमी है। कई जगह नाबालिग तक मशीन चला रहे हैं, जिससे जोखिम और बढ़ गया है। बीते दिन बभनौली,विशुनपुरवा में कई किसानों की गेहूं की खेती जलकर खाक हो गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले भी कई छोटे-बड़े हादसे हो चुके हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से न तो कोई सख्ती दिखाई गई और न ही जागरूकता अभियान चलाया गया।
विशेषज्ञों के अनुसार, भूसा मशीन में जरा सी चूक हाथ-पैर तक गंवाने या जान जाने का कारण बन सकती है। इसके बावजूद सुरक्षा मानकों की खुली अनदेखी की जा रही है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि अवैध व असुरक्षित मशीनों पर तत्काल रोक लगाई जाए और सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले स्थिति को संभाला जा सके।
लापरवाही और नियमों की अनदेखी से बढ़ रहा खतरा, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा










