पूर्वांचल राज्य ब्यूरो वाराणसी।
पुलिस आयुक्त वाराणसी के निर्देशानुसार अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत, अपर पुलिस उपायुक्त वरुणा जोन के प्रभावी पर्यवेक्षण में रोहनिया पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। ग्राम गोविन्दपुर में हुई सनसनीखेज चोरी की घटना का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने एक शातिर अभियुक्त को भारी बरामदगी के साथ गिरफ्तार किया है।
पुलिस टीम ने मुखबिर और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस की मदद से शातिर अभियुक्त शनि धरिकार को चौरा माता मंदिर, परमानन्दपुर के पास से दबोच लिया। अभियुक्त के पास से पुलिस ने जो बरामदगी की है, उसने सभी को चौंका दिया है:
सोना व चांदी: गला हुआ सोना (180.460 ग्राम) और चांदी की सिल्ली (818 ग्राम), जिसकी कुल कीमत करीब 30 लाख रुपये आंकी गई है।
नकदी व वाहन: 8500/- रुपये नकद और घटना में इस्तेमाल की गई होंडा अमेज कार।
हथियार: एक अदद .315 बोर का तमंचा और दो जिंदा कारतूस।
घटना का विवरण देते हुए पुलिस ने बताया कि बीती 21/22 मार्च की रात गोविन्दपुर निवासी पीड़ित परिवार विंध्याचल दर्शन करने गया था। जब वे वापस लौटे तो घर की अलमारी के ताले टूटे मिले और कीमती जेवरात व नकदी गायब थी। इस मामले में थाना रोहनिया में मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की गई थी।
गिरफ्तार अभियुक्त शनि धरिकार ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर बंद मकानों की रेकी करता था। चोरी के बाद जेवरात को गला दिया गया ताकि पहचान न हो सके और फिर उन्हें शहर से बाहर ऊंचे दामों पर बेचने की योजना थी। पुलिस ने मोहनिया स्थित एक ज्वेलर्स की दुकान से सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर इस पूरे नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया।
पकड़े गए अभियुक्त शनि धरिकार का लंबा आपराधिक इतिहास है। उस पर वाराणसी के विभिन्न थानों (कैंट, लंका, मण्डुवाडीह, सिगरा, सारनाथ, लालपुर पाण्डेयपुर) में चोरी और लूट के 20 मुकदमे दर्ज हैं।
इस शानदार कामयाबी पर पुलिस उपायुक्त वरुणा जोन ने कुशल पर्यवेक्षण और थाना प्रभारी रोहनिया राजू सिंह की टीम की सराहना करते हुए 10,000/- रुपये के नकद पुरस्कार की घोषणा की है।










