पूर्वांचल राज्य ब्यूरो
महराजगंज। शहर के बस स्टेशन परिसर में शुक्रवार को उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब सड़क दुर्घटना में पेशकार की मौत से आक्रोशित अधिवक्ताओं और दीवानी कचहरी कर्मियों ने जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शन के दौरान नारेबाजी, विरोध-प्रदर्शन और तोड़फोड़ की घटनाओं के चलते करीब एक घंटे तक यातायात बाधित रहा और आमजन को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
सिंदुरिया थाना क्षेत्र के पिपरा बाजार गांव निवासी मानवेंद्र मिश्रा निचलौल ग्राम न्यायालय में पेशकार के पद पर तैनात थे। बृहस्पतिवार को महराजगंज शहर में बस स्टेशन के पास एक रोडवेज बस की चपेट में आने से उनकी दर्दनाक मौत हो गई थी। इस घटना से अधिवक्ताओं और कचहरी कर्मचारियों में गहरा आक्रोश फैल गया।
शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे अधिवक्ता और कचहरी कर्मी बस स्टेशन परिसर में एकत्र हुए और आरोपी बस चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की मांग करने लगे। प्रदर्शन के दौरान नारेबाजी तेज हो गई और आक्रोशित लोगों ने बस स्टेशन परिसर में तोड़फोड़ भी की, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
हंगामे के कारण सड़क पर वाहनों की आवाजाही रुक गई और जाम की स्थिति बन गई। यात्रियों, राहगीरों और स्थानीय लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मौके पर स्थिति बिगड़ती देख सदर कोतवाली पुलिस के साथ क्षेत्राधिकारी अंकुर गौतम पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया।
करीब एक घंटे की बातचीत और पुलिस प्रशासन के आश्वासन के बाद प्रदर्शन शांत हुआ। इसके बाद आवागमन सामान्य किया गया और स्थिति पर नियंत्रण पा लिया गया। क्षेत्राधिकारी अंकुर गौतम ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पुलिस पूरी स्थिति पर नजर रखे हुए है।
अधिवक्ताओं का कहना है कि यह हादसा बस चालक की लापरवाही का परिणाम है। उन्होंने मृतक के परिजनों को न्याय दिलाने और दोषी चालक के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
पेशकार की सड़क हादसे में मौत पर कचहरी कर्मियों और अधिवक्ताओं का हंगामा










