पूर्वांचल राज्य ब्यूरो
बलिया। गंगा नदी के शिवरामपुर घाट (ब्यासी) पर रविवार की सुबह मुंडन संस्कार के दौरान दो किशोरियों समेत चार लोग डूब गये। इस घटना से गंगा किनारे हड़कम्प मच गया। वहीं, नाते-रिश्तेदारों के साथ ही घर वालों में चीख-पुकार मच गयी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने गोताखोरों के माध्यम से तलाश कराने में जुटी है, पर अब तक सफलता नहीं मिल सकी है।
फेफना थाना क्षेत्र के कल्याणीपुर निवासी वशिष्ठ चौहान के घर से मुंडन संस्कार के लिए लोग बलिया शहर कोतवाली क्षेत्र के शिवरामपुर घाट (ब्यासी) पर रविवार की सुबह पहुंचे थे। सब कुछ ठीक ठाक चल रहा था। इसी बीच, स्नान करते वक्त चार लड़कियां डूबने लगी। उन्हें बचाने के लिए लोग नदी में कूदे। लेकिन बचाने के चक्कर में दो युवक भी डूब गये। हालांकि डूब रही चार में से दो युवतियों को बचा भी लिया गया। फिलहाल गंगा में डूबे अर्जुन चौहान (20) पुत्र मुरारी चौहान निवासी गाजीपुर (हाल मुकाम : कल्याणीपुर), अरुण चौहान (19) पुत्र मोहन चौहान निवासी कल्याणीपुर, हर्षिता चौहान (17) पुत्री अजीत चौहान निवासी रामपुर भोज रतसड गड़वार, नन्दिता चौहान (14) पुत्री अजीत चौहान की तलाश जारी है।सूचना मिलते ही जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह मौके पर पहुंच गए। काफी देर तक गोताखोरों की मदद से चारों की खोजबीन की गई लेकिन पता नहीं चला। जिसके बाद गोरखपुर से एनडीआरएफ की टीम को बलिया बुलाया गया था। हालांकि एनडीआरएफ की टीम बलिया नहीं पहुंची थी इसके पहले ही गोताखोरों की मदद से चारों के शव को गंगा नदी से बाहर निकाला गया।
मुंडन संस्कार में गए दो किशोरियों समेत चार लोग डूबे,










