गोरखपुर में ट्रक-डंपर भिड़ंत के बाद भीषण आग, ड्राइवर और क्लीनर जिंदा जले
रिपोर्ट: स्पेशल डेस्क
गोरखपुर में गुरुवार सुबह हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। कुशीनगर-लखनऊ फोरलेन पर ट्रक और डंपर की भीषण टक्कर के बाद दोनों वाहनों में आग लग गई। हादसा इतना भयावह था कि डंपर चालक और क्लीनर जिंदा जल गए और मौके पर केवल उनके कंकाल बचे।
वहीं ट्रक चालक और खलासी गंभीर रूप से झुलस गए, जिन्होंने किसी तरह कूदकर अपनी जान बचाई।
आग की लपटें कई किलोमीटर दूर से दिखीं
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के बाद आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही मिनटों में दोनों वाहन आग का गोला बन गए।
धुएं का घना गुबार और आग की ऊंची लपटें कई किलोमीटर दूर से दिखाई दे रही थीं। आग की तपिश इतनी ज्यादा थी कि शुरुआती समय में दमकलकर्मी भी पास नहीं जा सके।
हादसे के कारण हाईवे पर लगभग पांच किलोमीटर लंबा जाम लग गया।
कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के मुताबिक मक्का से लदा ट्रक कुशीनगर से लखनऊ की ओर जा रहा था।
सुबह करीब 5 बजे कुशीनगर-लखनऊ फोरलेन पर अजवनिया गांव के पास डस्ट से भरा एक डंपर अचानक रांग साइड से सामने आ गया।
कुछ ही सेकंड में दोनों वाहनों की जोरदार भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रक सड़क किनारे पलट गया और उसमें आग लग गई।
देखते ही देखते आग ने डंपर को भी अपनी चपेट में ले लिया।
डंपर में फंसे रह गए चालक और क्लीनर
डंपर चालक सत्येंद्र और क्लीनर शिवा आग लगने के बाद वाहन के अंदर ही फंस गए। ग्रामीणों और पुलिस के पहुंचने से पहले आग पूरी तरह फैल चुकी थी।
लोग उन्हें बचाने की कोशिश भी नहीं कर सके। दोनों जिंदा जल गए।
पुलिस के मुताबिक आग बुझने के बाद डंपर के अंदर केवल कंकाल ही मिले।
मृतकों की पहचान
डंपर चालक की पहचान सत्येंद्र के रूप में हुई है, जो बस्ती जिले के धमोरा गांव का रहने वाला था।
वहीं क्लीनर शिवा फतेहपुर जिले का रहने वाला बताया गया है।
पांच दमकल गाड़ियों ने पाया आग पर काबू
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की पांच गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। लगभग दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका।
घायलों को एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है।
डीएनए जांच से होगी पुष्टि
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शव पूरी तरह जल चुके हैं, इसलिए दोनों मृतकों की पहचान डीएनए जांच के जरिए भी कराई जाएगी।
मौके से मिले अवशेषों और अन्य साक्ष्यों को कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
हाईवे पर अफरा-तफरी
हादसे के बाद हाईवे पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। आसपास के गांवों से लोग घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े।
कई लोग मोबाइल फोन से वीडियो बनाते दिखाई दिए, जबकि पुलिस लगातार लोगों को दूर रहने की अपील करती रही।
सबसे बड़ा सवाल
क्या रांग साइड से आ रहे डंपर की वजह से यह हादसा हुआ?
क्या हाईवे पर भारी वाहनों की निगरानी में लापरवाही हो रही है?
और आखिर कब तक तेज रफ्तार और नियमों की अनदेखी लोगों की जान लेती रहेगी?
फिलहाल, गोरखपुर का यह हादसा सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।









