भव्य तिरंगा, तोप स्थापना व गार्ड ऑफ ऑनर की मांग, ऐतिहासिक बलिदानियों को मिलेगा सम्मान
पूर्वांचल राज्य वाराणसी।
चोलापुर स्थित ऐतिहासिक शहीद स्मारक के कायाकल्प और अमर बलिदानियों को सम्मान दिलाने की दिशा में पहल तेज हो गई है। चंदौली के सांसद वीरेंद्र सिंह ने इस संबंध में वाराणसी के जिलाधिकारी को पत्र लिखकर स्मारक के सुंदरीकरण और आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराने का अनुरोध किया है। उन्होंने पत्र की प्रतिलिपि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को भी प्रेषित की है।
जानकारी के अनुसार, पूर्वांचल किसान संगठन के अध्यक्ष अजीत सिंह डोभी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्र के शहीदों की उपेक्षा का मुद्दा उठाते हुए सांसद से मुलाकात की थी। प्रतिनिधिमंडल में महासचिव मनीष कुमार सिंह, राजबहादुर यादव, दीपक पासी, रोहित और सुजीत सहित अन्य पदाधिकारी शामिल रहे। संगठन की इस पहल के बाद ही मामले ने गति पकड़ी।
सांसद ने अपने पत्र में शहीद स्मारक के समग्र विकास के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं। उन्होंने स्मारक स्थल पर एक ऊंचा एवं भव्य राष्ट्रीय ध्वज स्थापित कराने के साथ ही सेना की एक निष्प्रयोजित (डिकमीशन्ड) तोप लगाने की मांग की है, ताकि यह स्थल अधिक आकर्षक और प्रेरणादायक बन सके। इसके अलावा, प्रत्येक वर्ष 17 अगस्त को शहीदी दिवस पर पुलिस विभाग द्वारा औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर आयोजित कराने का भी प्रस्ताव रखा गया है। साथ ही स्मारक तक पहुंचने वाले एप्रोच मार्ग के शीघ्र सुधार और सुदृढ़ीकरण पर जोर दिया गया है।
पत्र में सांसद ने 17 अगस्त 1942 की ऐतिहासिक घटना का उल्लेख करते हुए बताया कि अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ आंदोलन के दौरान चोलापुर थाना परिसर में तिरंगा फहराने के प्रयास में राम नरेश उपाध्याय, पंचम राम, गौरी उर्फ बच्चू पटेल, चौथी राजभर और निरहू पटेल ने अपने प्राणों की आहुति दी थी। उनका बलिदान आज भी क्षेत्र के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
वहीं, पूर्वांचल किसान संगठन के अध्यक्ष अजीत सिंह डोभी ने कहा कि संगठन का उद्देश्य चोलापुर के शहीदों की विरासत को संरक्षित करना है। उन्होंने विश्वास जताया कि सांसद के प्रयासों से शहीद स्मारक का स्वरूप बदलेगा और यह क्षेत्र के गौरव का प्रमुख केंद्र बनेगा।










