शिक्षा, पोषण व स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता परखी, दिए आवश्यक निर्देश
चंदौली।नीति आयोग के प्रतिनिधि शिवम मिश्रा ने सम्पूर्णता अभियान 2.0 के तहत आकांक्षी जनपद चंदौली के विकास खण्ड में शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण एवं कृषि (मृदा स्वास्थ्य कार्ड) जैसे प्रमुख संकेतकों की 100 प्रतिशत संतृप्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विभिन्न संस्थानों का निरीक्षण कर जमीनी हकीकत का जायजा लिया।
निरीक्षण के क्रम में प्राथमिक विद्यालय फगुइयां एवं परिसर स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान शिक्षण गुणवत्ता, निपुण तालिका के अनुसार बच्चों का शैक्षिक स्तर, हिंदी एवं गणित विषय में दक्षता, कक्षा-वार मूल्यांकन तथा बच्चों की उपस्थिति की जांच की गई। उन्होंने बच्चों से संवाद कर उनकी पढ़ाई-लिखाई की जानकारी ली और शिक्षकों को गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मिड-डे मील (एमडीएम) की गुणवत्ता, मेन्यू के अनुसार भोजन वितरण, साफ-सफाई, पेयजल व्यवस्था एवं शौचालयों की स्थिति का भी निरीक्षण किया गया। आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों की उपस्थिति, वजन मापन, पोषाहार वितरण रजिस्टर एवं खेल-खेल में शिक्षा गतिविधियों की समीक्षा की गई। कार्यकर्ताओं को अभिभावकों से नियमित संपर्क बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) की नियमित बैठकों को सुनिश्चित करने तथा उनकी सक्रिय भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया।
इसके पश्चात आयुष्मान आरोग्य मंदिर फगुइयां एवं उच्चीकृत उपकेंद्र फगुइयां का निरीक्षण कर गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य जांच, बच्चों के टीकाकरण, स्वास्थ्य कार्ड वितरण, दवाओं की उपलब्धता एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं की जानकारी ली।
तत्पश्चात प्राथमिक विद्यालय एवं आंगनबाड़ी केंद्र बर्थरा खुर्द का भी निरीक्षण किया गया। आंगनबाड़ी केंद्र के शौचालय में ताला बंद पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए विद्यालय समय में बच्चों के उपयोग हेतु शौचालय खुला रखने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जिला कार्यक्रम अधिकारी (बाल विकास), खंड विकास अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी, ग्राम प्रधान एवं प्रधानाचार्य सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
सम्पूर्णता अभियान 2.0 के तहत जनपद में शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण सेवाओं को शत-प्रतिशत लक्ष्य तक पहुंचाने के लिए सतत मॉनिटरिंग जारी रहेगी।









