द गुरुकुलम स्कूल में हिंदी दिवस समारोह, प्रतियोगिताओं में बच्चों ने बिखेरी प्रतिभा की खुशबू ..
हिंदी हमारी पहचान का आधार: गुरुकुलम स्कूल में हिंदी दिवस कार्यक्रम सम्पन्न
पूर्वांचल राज्य ब्यूरो, चंदौली।
द गुरुकुलम स्कूल में हिंदी दिवस पर रचनात्मकता का प्रदर्शन, रंग-बिरंगे पोस्टरों ने मोहा मन
हिंदी केवल भाषा नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और पहचान का आधार है.
उन्होंने कहा कि हिंदी दिवस का उद्देश्य नई पीढ़ी में मातृभाषा के प्रति सम्मान और आत्मीयता का भाव जगाना है………… प्रियंका मुख़र्जी ( प्रधानाचार्या)
डीडीयू नगर स्थित। द गुरुकुलम स्कूल में हिंदी दिवस के अवसर पर सोमवार को भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने निबंध, कविता, भाषण और पोस्टर प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर हिंदी भाषा के महत्व और गौरव को अभिव्यक्त किया।
विद्यालय की प्रधानाचार्या प्रियंका मुख़र्जी ने कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए कहा कि हिंदी केवल भाषा नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और पहचान का आधार है। उन्होंने कहा कि हिंदी दिवस का उद्देश्य नई पीढ़ी में मातृभाषा के प्रति सम्मान और आत्मीयता का भाव जगाना है।भारतीय नृत्य कला विभाग के आशुतोष सिंह ने प्रतियोगिताओं का संचालन करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन से बच्चों की रचनात्मक ऊर्जा को नई दिशा मिलती है।समन्वयक मृदुला राय ने बच्चों की प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए कहा कि हिंदी हमारी जड़ों से जुड़ने का सबसे सरल माध्यम है। प्रतियोगिता में बच्चों ने “हिंदी का महत्व”, “सोशल मीडिया: एक वरदान या अभिशाप” और “गांधी जी के आदर्श” जैसे विषयों पर अपने विचार रखे। कविता पाठ में नन्हें-मुन्नों ने कवियों की रचनाओं से वातावरण को भावपूर्ण बना दिया, जबकि भाषण प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने हिंदी की समृद्धि और वैश्विक महत्व पर प्रकाश डाला। पोस्टर प्रतियोगिता में बच्चों ने रंग-बिरंगे पोस्टरों से हिंदी की सुंदरता को उकेरा।
इस मौके पर सविता दास, अलोक गुप्ता, ईशान विभू गुप्ता, रितेश, राजर्षी मिश्रा, देवोश्रुति,नितेश श्रीवास्तव, संदीप पटेल, विकाश यादव सहित अन्य शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।










