क्लब की मस्ती के बाद 5 दोस्तों का दिल दहला देने वाला सड़क हादसा
मरने वालों में यूपी के जज की बेटी और सब-इंस्पेक्टर का बेटा भी शामिल
पूर्वांचल राज्य ब्यूरो गुरुग्राम।
जिले के दिल्ली-जयपुर एक्सप्रेसवे पर शनिवार तड़के एक दर्दनाक हादसे में पांच युवाओं की मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। यह हादसा तब हुआ जब तेज रफ्तार में चल रही एक ब्लैक रंग की थार कार डिवाइडर से टकराकर कई बार पलट गई। मृतकों में प्रतिष्ठित परिवारों से जुड़ी दो लड़कियां यूपी के एक जज की बेटी और एक आईटीबीपी इंस्पेक्टर की बेटी भी शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक, हादसा एक्सप्रेसवे के झाड़सा फ्लाईओवर के पास सुबह लगभग 4:30 बजे हुआ। गाड़ी, जिसमें तीन युवतियां और तीन युवक सवार थे, डिवाइडर से टकराने के बाद पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। घटना स्थल पर तीन युवतियों और दो युवकों की मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल है, जिसे मेदांता अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है।
मृतकों में प्रतिष्ठा मिश्रा (25) रायबरेली के जज चंद्रमणि मिश्रा की पुत्री, लावण्या गौतम (26) जो आईटीबीपी इंस्पेक्टर के परिवार से हैं और ग्रेटर नोएडा के लॉयड लॉ कॉलेज में एलएलबी की छात्रा थीं, आदित्य प्रताप सिंह (30) आगरा के निवासी, गौतम (31) सोनीपत के निवासी और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति शामिल हैं। घायल युवक कपिल शर्मा (28) बुलंदशहर का रहने वाला है और उनके पिता सब-इंस्पेक्टर हैं।
जानकारी के अनुसार, ये सभी दोस्त गुरुग्राम के सेक्टर 29 स्थित एक क्लब में मस्ती कर रहे थे। पार्टी के बाद नशे की हालत में तेज गति से दिल्ली लौटते समय यह भयानक हादसा हुआ। पुलिस ने बताया कि गाड़ी की रफ्तार 90 किलोमीटर प्रति घंटा से अधिक थी, जिससे चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा। गाड़ी की छत उड़ गई और मलबा लगभग 100 मीटर तक बिखर गया।
हादसे के कारण एक्सप्रेसवे पर यातायात भी बाधित हुआ। ट्रैफिक पुलिस ने क्रेन की मदद से गाड़ी को हटाकर मार्ग को पुनः खोल दिया। पुलिस ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है। वाहन अलीगढ़ के विष्णु कुमार के नाम पर पंजीकृत था।
यह हादसा ना केवल परिवारों के लिए अपूरणीय क्षति लेकर आया है, बल्कि इसने सुरक्षा और सड़क दुर्घटना के खतरों पर एक बार फिर चेतावनी भी दे दी है। हादसे में मारे गए युवाओं के सपने अधूरे रह गए, खासकर वे दो लड़कियां जो अपनी पढ़ाई पूरी करके समाज में कुछ बड़ा करने की चाह रखती थीं।










