आगरा: मूर्ति विसर्जन के दौरान बड़ा हादसा, 13 युवक नदी में डूबे; पांच के शव बरामद
मुख्यमंत्री ने जताया शोक, प्रशासन को दिए त्वरित राहत कार्य के निर्देश
पूर्वांचल राज्य ब्यूरो आगरा (खेरागढ़)
नवरात्रि के अंतिम दिन मां दुर्गा की मूर्ति विसर्जन के दौरान आगरा जिले के खेरागढ़ क्षेत्र में एक दर्दनाक हादसा हो गया। उटंगन नदी में डूबने से 13 युवकों और किशोरों के बह जाने की खबर ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। अब तक पांच युवाओं के शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि आठ की तलाश लगातार जारी है।
यह दुखद घटना खेरागढ़ के कुसियापुर डूगरवाला गांव की है, जहां दोपहर करीब 1 बजे मूर्ति विसर्जन के लिए ग्रामीण उटंगन नदी पहुंचे थे। विसर्जन के दौरान नदी का गहरा पानी कई युवकों के लिए जानलेवा साबित हुआ और देखते ही देखते 13 युवक पानी में डूब गए।
घटना की सूचना मिलते ही ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद एक युवक, विष्णु, को सुरक्षित बाहर निकाला जा सका। इसके बाद पुलिस व एसडीआरएफ की टीमों ने राहत और बचाव अभियान शुरू किया। देर शाम तक ओमपाल, गगन और किशोर मनोज के शव बरामद कर लिए गए, जबकि शुक्रवार सुबह भगवती और एक अन्य युवक के शव नदी से बाहर निकाले गए।
गांव में मातम पसरा हुआ है। हर घर से चीख-पुकार सुनाई दे रही है। मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में चूल्हे ठंडे हैं और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
मुख्यमंत्री ने जताया शोक
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए अधिकारियों को त्वरित राहत और बचाव कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने संबंधित परिवारों को हरसंभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया है।
रातभर चला बचाव अभियान
पुलिस, प्रशासन और एसडीआरएफ की टीमों ने पूरी रात नदी किनारे सर्च ऑपरेशन चलाया। ग्रामीण भी पूरी रात मौके पर मौजूद रहे। हालात तब और तनावपूर्ण हो गए जब गुस्साए लोगों ने मौके पर पहुंचे एसडीएम की गाड़ी के शीशे तोड़ दिए। शुक्रवार सुबह पुलिस आयुक्त रामबदन सिंह ने खुद मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला और लोगों से संयम बरतने की अपील की। उन्होंने माइक से घोषणा कर कहा कि कोई भी व्यक्ति नदी के करीब न जाए, ताकि और कोई अनहोनी न हो।










